...कि पैसा बोलता है!

...पैसा बोलता है

हाल क्या है दिल का,
ये कोई ना जानत है।
जिसे लेकर भागे तुम,
वो हमारी गाढ़ी कमाई
और अमानत है।।

चट गिरफ्तारी और पट,
मिल जाती जमानत है।
ऐसी लचर व्यवस्था पर,
सिर्फ़ और सिर्फ़ लानत है।।

हथकड़ियों में हों कितने ही ताले,
ये सब खोलता है।
सच ही कहा है लोगों ने,
कि पैसा बोलता है।।

विनोद विद्रोही
नागपुर(7276969415)

#विजयमाल्या #गिरफ्तारी

Comments

Popular posts from this blog

जिंदगी इसी का नाम है, कर लो जो काम है...

गणतंत्र दिवस चिरायु हो..लंबी इसकी आयु हो...

क्या सचमुच मेरा भारत महान है...